श्री काशी विश्वनाथ मंदिर लोगों के आस्था का प्रमुख केंद्र है: योगी आदित्यनाथ

> मुख्यमंत्री ने श्री काशी विश्वनाथ मंदिर धाम में श्रद्धालुओं के लिए बनाए गए आरोग्यधाम चिकित्सालय का उद्घाटन किया।


> मंदिर में बाबा भोलेनाथ को चढ़ने वाले बिल्वपत्र, पुष्प आदि से आई0टी0सी0 द्वारा धूप एवं अगरबत्ती के साथ-साथ इत्र भी बनाया जाएगा।



लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को अपने वाराणसी दौरे के दूसरे दिन रविवार को श्री काशी विश्वनाथ मंदिर धाम में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए बनाए गए आरोग्यधाम चिकित्सालय का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि श्री काशी विश्वनाथ मंदिर लोगों के आस्था का प्रमुख केंद्र है। उन्होंने श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन पूजन किया। मंदिर में बाबा भोलेनाथ को चढ़ने वाले बिल्वपत्र, पुष्प आदि से आई0टी0सी0 द्वारा धूप एवं अगरबत्ती के साथ-साथ इत्र भी बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि आई0टी0सी0 द्वारा शुरू कराए गए इस कार्य से महिला स्वयं सहायता समूह को रोजगार मिलेगा। मुख्यमंत्री ने नवरात्रि के अवसर पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में चढ़ने वाले बिल्वपत्र, धतूरा एवं पुष्प आदि से नवरात्रि की प्रतिपदा के दिन आई0टी0सी0 द्वारा शुरू किए गए धूप एवं अगरबत्ती के निर्माण के इस कार्य से स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को रोजगार मिलेगा और उन्हें आर्थिक स्वावलंबन मिलेगा। नवरात्रि की प्रतिपदा के दिन महिलाओं के सशक्तिकरण का इससे अच्छा कार्य नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं के आकस्मिक चिकित्सा के लिए उद्घाटित आरोग्य चिकित्सालय भी अच्छा प्रयास है।



मुख्यमंत्री ने गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के पदाधिकारी जसबीर सिंह के सिगरा स्थित आवास, वरिष्ठ अधिवक्ता त्रिपुरारी शंकर के रथयात्रा (सिगरा) स्थित आवास एवं वरिष्ठ चिकित्सक डॉ0 एस0के0 पाण्डेय के केंद्रीय कारागार मार्ग स्थित आवास पर मिलकर उनसे उनका कुशलक्षेम पूछा और उन्हें प्रदेश सरकार द्वारा ढाई वर्ष में किए गए विकास कार्यों की उपलब्धियों से सम्बन्धित जन कनेक्ट कठोर परिश्रम और बड़े निर्णय के 100 दिन, विकास एवं सुशासन के 30 माह, 'सबका साथ, सबका विकास-सबका विश्वास' नामक पुस्तक भेंट की। इससे पूर्व, मुख्यमंत्री  सुदामापुर स्थित उत्तर प्रदेश के पर्यटन, संस्कृति एवं धर्मार्थ कार्य राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ0 नीलकंठ तिवारी के पैतृक आवास पर जाकर गत दिवस उनकी माता जी की मृत्यु पर शोक संवेदना व्यक्त की। इस दौरान उन्होंने उनकी माता जी के चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर प्रदेश सरकार के मंत्री आशुतोष टंडन, अनिल राजभर, रविंद्र जायसवाल अन्य जनप्रतिनिधिगण तथा शासन प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।