भदेठी काण्ड के दोषियों के विरुद्ध गैंगस्टर एक्ट तथा एनएसए के तहत होगी कार्यवाही


जौनपुर (का उ)। भदेठी गावँ में बीते 9 जून को बकरी चराने को लेकर 2 समुदायों के बच्चों के बीच हुए विवाद ने मारपीट और अगजनी का रूप धारण कर लिया था जिसमें कुछ अराजक तत्वों ने एक पक्ष के लोग दूसरे पक्ष के घरों में आग लगा दी। जिसमे कुछ मवेशी भी आग में जल कर तड़प तड़प कर मरे। गाँव के प्रधान पति आफताब उर्फ़ हिटलर ने झगडे को शांत कराया लेकिन पीड़ितों ने बताया कि देर शाम 7 बजे से 8 बजे के बीच प्रधान पति तथा उसके लड़के सलीम के साथ 400 से अधिक मुस्लिम पक्ष के लोगों ने हरिजन बस्ती में धावा बोलकर नंदलाल, नीबुलाल, फिरतू, राजाराम, जीतेन्द्र, सेवा लाल सहित 13 घरों में आग लगा दी। आग लगने से 3 बकरियां और 1 भैंस की भी मृत्यु हो गई। कई 2 पहिया गाड़ियां भी तोड़ी गई। घटना के बाद आयुक्त वाराणसी ने पीड़ितों से मिलकर मुआफ़ज़ा देने का आश्वासन दिया।  आईजी बनारस जोन विजय सिंह मीणा ने पुलिस अधीक्षक को निर्देशित किया कि दोषियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी की जाए कोई भी अभियुक्त बचने न पाए। पूरे मामले में एसपी ने बताया कि अब तक 57 लोगो को नामजद किया गया है। 37 लोग गिरफ्तार किये गए हैं जिनमें सपा नेता मोहम्मद जावेद सिद्दीकी भी हैं। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने ग्राम भदेठी, जनपद जौनपुर की इस घटना का संज्ञान लेते हुए घटना के अभियुक्तों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि दोषियों के विरुद्ध गैंगस्टर एक्ट तथा एनएसए के तहत कार्यवाही की जाए। इस प्रकरण में स्थानीय एसएचओ द्वारा बरती गई लापरवाही पर गम्भीर रूख अपनाते हुए उन्होंने एसएचओ के विरुद्ध तत्काल विभागीय कार्यवाही करने के निर्देश भी दिए हैं। मुख्यमंत्री जी ने पीड़ित परिवारों के नुकसान की भरपाई के लिए मुख्यमंत्री पीड़ित सहायता कोष से 10,26,450 रुपए की आर्थिक सहायता दिए जाने की घोषणा की है। उन्होंने पीड़ित परिवारों को समाज कल्याण विभाग द्वारा अनुमन्य 01 लाख रुपए की सहायता राशि उपलब्ध कराने की कार्यवाही करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि इस घटना के 07 पीड़ित परिवारों को मुख्यमंत्री आवास योजना के अन्तर्गत आवास उपलब्ध कराया जाए।


Popular posts from this blog

कोतवाली में मादा बंदर ने जन्मा बच्चा

मुख्यमंत्री ने आकाशीय बिजली गिरने की घटना से हुई जनहानि पर गहरा शोक व्यक्त किया

राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के प्रभावी कार्यान्वयन की है आवश्यकता