इंडिया ने ऑस्ट्रेलिया को पहले टी-20 में 11 रनों से हराया 

भारत ने राहुल और जडेजा की तेज पारियों की बदौलत चुनौतीपूर्ण स्कोर बनाया जो अंत में मैच विजयी साबित हुआ


> लोकेश राहुल ने टी-20 करियर का अपना 12वां अर्धशतक जड़ा।


> कप्तान विराट कोहली और शिखर धवन ज्यादा देर क्रीज पर नहीं टिक सके।


> टी-20 सीरीज के लिए टीम में शामिल किए गए वाशिंगटन सुंदर ने सात रन बनाए।



युजवेन्द्र चहल और वाशिंगटन सुन्दर का हौसला बढ़ाते कप्तान विराट कोहली।


कैनबरा (वार्ता)। भारत के पहले कन्कशन सब्स्टीट्यूट लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल (25 रन पर तीन विकेट) और बाएं हाथ के तेज गेंदबाज टी नटराजन (30 रन पर तीन विकेट) की घातक गेंदबाजी से टीम इंडिया ने ऑस्ट्रेलिया को पहले टी-20 मुकाबले में शुक्रवार को 11 रन से हराकर तीन मैचों की सीरीज में 1 - 0 की बढ़त बना ली। भारत ने सलामी बल्लेबाज लोकेश राहुल (51) रन की अर्धशतकीय पारी और रवींद्र जडेजा (नाबाद 44) रन की ताबड़तोड़ पारी की बदौलत 20 ओवर में 7 विकेट पर 161 रन का चुनौतीपूर्ण स्कोर बनाया और ऑस्ट्रेलिया की चुनौती को 7 विकेट पर 150 रन पर रोक दिया। चहल को उनकी बेहतरीन गेंदबाजी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच का पुरस्कार दिया गया। भारत ने कैनबरा के मानुका ओवल मैदान में ऑस्ट्रेलिया को तीसरे और आखिरी वनडे में 13 रन से हराकर वनडे सीरीज में अपना सम्मान बचाया था और इसी मैदान पर पहले टी-20 मुकाबले में जीत के साथ टी-20 सीरीज की शानदार शुरुआत की। हालांकि दोनों टीम टी- 20 सीरीज के आखिरी दोनों मैच खेलने अब सिडनी लौटेंगी जहां भारत ने पहले दो वनडे गंवाए थे। दूसरा और तीसरा टी-20 6 और 8 दिसम्बर को खेले जाएंगे। भारत ने राहुल के 40 गेंदों में पांच चौकों और एक छक्के की मदद से 51 रन और जडेजा के 23 गेंदों में पांच चौकों और एक छक्के के सहारे नाबाद 44 रन की तेज तर्रार पारी की बदौलत चुनौतीपूर्ण स्कोर बनाया जो अंत में मैच विजयी साबित हुआ। जडेजा ने सातवें नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए सर्वाधिक रन बनाने का पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी का 38 रनों का भारतीय रिकॉर्ड तोड़ा। जडेजा अपनी पारी के दौरान सिर में चोट लगने के कारण फील्डिंग करने नहीं उतरे और भारत ने कन्कशन सब्स्टीट्यूट के तौर पर लेग स्पिनर चहल को लिया जिन्होंने मैच विजयी स्पैल डाला। टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही और सलामी बल्लेबाज शिखर धवन को मिशेल स्टार्क ने बोल्ड कर पवेलियन भेज दिया। शिखर ने छह गेंदों में एक रन बनाया। शिखर के बाद कप्तान विराट कोहली भी ज्यादा देर क्रीज पर नहीं टिक सके और नौ गेंदों में एक चौके की मदद से नौ रन बनाकर पवेलियन लौट गए। विराट को लेग स्पिनर मिशेल स्वेप्सन ने अपनी ही गेंद पर लपका। राहुल ने जिम्मेदारी के साथ खेलते हुए एक छोर से टीम की पारी को आगे बढ़ाया और सधी हुई बल्लेबाजी करते हुए टी-20 करियर का अपना 12वां अर्धशतक जड़ा। लेकिन अर्धशतक लगाने के बाद वह अपनी पारी को और आगे नहीं बढ़ा सके तथा मोएसिस हेनरिक्स की गेंद पर सीन एबॉट को कैच थमाकर आउट हो गए। मध्यक्रम के बल्लेबाज संजू सैमसन ने 15 गेंदों में एक चौके और एक छक्के की मदद से 23 रन बनाए। मनीष पांडे भी अपना जलवा बिखेरने में नाकाम रहे और आठ गेंदों में महज दो रन बनाकर लेग स्पिनर एडम जम्पा का शिकार बने। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वनडे सीरीज में उम्दा प्रदर्शन करने वाले ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या भी कुछ खास नहीं कर सके और 15 गेंदों में एक छक्के की मदद से 15 रन बनाकर आउट हुए। पांड्या को हेनरिक्स ने आउट किया। जडेजा ने अंत में धुआंधार पारी खेली और टीम को चुनौतीपूर्ण स्कोर तक पहुंचाया। टी-20 सीरीज के लिए टीम में शामिल किए गए वाशिंगटन सुंदर ने सात रन बनाए। ऑस्ट्रेलिया की ओर से हेनरिक्स ने चार ओवर में 22 रन देकर तीन विकेट, स्टार्क ने चार ओवर में 34 रन देकर दो विकेट, जम्पा ने चार ओवर में 20 रन देकर एक विकेट औऱ स्वेप्सन ने दो ओवर में 21 रन देकर एक विकेट लिया। लक्ष्य का पीछा करते हुए ऑस्ट्रेलिया ने 56 रन की अच्छी शुरुआत की लेकिन लेफ्ट आर्म स्पिन आलराउंडर जडेजा के सिर में बल्लेबाजी के दौरान चोट लगने के कारण कन्कशन सब्स्टीट्यूट के तौर पर लाये गए लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल ने ऑस्ट्रेलिया के कप्तान आरोन फिंच को आउट कर इस साझेदारी को तोड़ा। फिंच ने 26 गेंदों पर 35 रन में पांच चौके और एक छक्का लगाया। चहल ने फिर धुरंधर बल्लेबाज स्टीवन स्मिथ को आउट कर भारत के रास्ते का सबसे बड़ा कांटा दूर कर दिया। स्मिथ ने नौ गेंदों में एक छक्के के सहारे 12 रन बनाये। चहल ने अपने चौथे और आखिरी ओवर में मैथ्यू वेड को आउट कर अपना तीसरा विकेट लिया। वेड ने नौ गेंदों पर 7 रन बनाये। चहल ने 25 रन पर 3 विकेट लिए।
बाएं हाथ के तेज गेंदबाज टी नटराजन ने भी बेहद शानदार गेंदबाजी की और चार ओवर में 30 रन देकर तीन विकेट हासिल किये। नटराजन ने सलामी बल्लेबाज डी आरसी शार्ट, ग्लेन मैक्सवेल और मिशेल स्टार्क को आउट किया। शार्ट ने 38 गेंदों में तीन चौकों के सहारे 34 रन, मैक्सवेल ने 2 रन और स्टार्क ने 1 रन बनाया। दीपक चाहर ने हेनरिक्स को पवेलियन भेजा। हेनरिक्स ने 20 गेंदों पर 30 रन में एक चौका और एक छक्का लगाया। चाहर ने चार ओवर में 29 रन पर एक विकेट लिया। ऑस्ट्रेलिया ने एक विकेट पर 72 रन की सुखद स्थिति से 55 रन जोड़कर 6 विकेट गंवाए और उसे हार का सामना करना पड़ा। सीन एबोट और मिशेल स्वेप्सन 12 - 12 रन बनाकर नाबाद रहे।